लेंस डेस्क। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव के नतीजों से पहले राज्य की राजनीति गरमा गई है। तृणमूल कांग्रेस (TMC) नेताओं ने कोलकाता में स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर धरना देते हुए बैलट बॉक्स और चुनाव प्रक्रिया में छेड़छाड़ का आरोप लगाया है। वहीं, मुख्यमंत्री ममता बनर्जी गुरुवार रात अपनी विधानसभा सीट भवानीपुर के EVM स्ट्रॉन्ग रूम पहुंचीं।
जानकारी के अनुसार ममता बनर्जी ने पार्टी के सभी उम्मीदवारों से अपने-अपने विधानसभा क्षेत्रों के स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर पहुंचने को कहा था। इसके बाद वह स्वयं भवानीपुर स्थित स्ट्रॉन्ग रूम पहुंचीं और करीब 10 मिनट तक वहां रहीं। इस दौरान भाजपा नेता भी मौके पर मौजूद थे।
इससे पहले शाम से ही कोलकाता के नेताजी इंडोर स्टेडियम में बनाए गए स्ट्रॉन्ग रूम के बाहर TMC नेताओं ने धरना शुरू कर दिया। पार्टी नेताओं शशि पांजा और कुणाल घोष ने आरोप लगाया कि उनके प्रतिनिधियों की मौजूदगी के बिना बैलट बॉक्स खोले जा रहे हैं।
TMC ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर वीडियो पोस्ट कर दावा किया कि CCTV फुटेज में कुछ लोग अंदर काम करते दिखाई दे रहे हैं, लेकिन पार्टी प्रतिनिधियों को अंदर नहीं जाने दिया जा रहा।
कुणाल घोष ने कहा कि चुनाव आयोग के CCTV और लाइव स्ट्रीम में अंदर गतिविधियां दिखाई दे रही हैं, लेकिन TMC के प्रतिनिधियों को प्रवेश नहीं दिया गया। उन्होंने इसे अनुचित बताया।
विवाद बढ़ने के बाद चुनाव आयोग ने बयान जारी कर कहा कि पोस्टल बैलट के लिए अलग स्ट्रॉन्ग रूम बनाया गया है, जहां बैलट की छंटनी की जा रही थी। इस प्रक्रिया की जानकारी पहले ही सभी राजनीतिक दलों को दे दी गई थी।
आयोग ने कहा कि जिन कमरों में EVM रखी गई हैं, वे पूरी तरह सुरक्षित और सील हैं। पूरी स्थिति TMC नेताओं शशि पांजा और कुणाल घोष को भी दिखा दी गई थी।
मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने वीडियो संदेश जारी कर दावा किया कि बंगाल में फिर TMC सरकार बनेगी। उन्होंने कहा कि पार्टी 294 में से 226 से ज्यादा सीटें जीतकर सत्ता में लौटेगी।
ममता ने आरोप लगाया कि एग्जिट पोल भाजपा के इशारे पर दिखाए गए हैं, ताकि TMC कार्यकर्ताओं का मनोबल तोड़ा जा सके। उन्होंने यह भी कहा कि केंद्रीय बलों ने चुनाव के दौरान भाजपा एजेंट की तरह काम किया।
कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने कहा कि नतीजों के बाद पश्चिम बंगाल में TMC के साथ गठबंधन पर फैसला लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि अभी कुछ कहना जल्दबाजी होगी और कांग्रेस राज्य में खुद को मजबूत करने के लिए अकेले चुनाव लड़ी है।
पश्चिम बंगाल की 294 सीटों पर 23 और 29 अप्रैल को दो चरणों में मतदान हुआ। राज्य में रिकॉर्ड 92.84% वोटिंग दर्ज की गई।
अब सभी की नजर 4 मई पर है, जब पश्चिम बंगाल समेत तमिलनाडु, केरल, असम और पुडुचेरी के चुनाव परिणाम घोषित किए जाएंगे।











