27.10 लाख नाम हटाए गए, ट्रिब्यूनल ने आज हो रहे पहले चरण के लिए केवल 139 नाम जोड़े

Supreme Court on SIR

नई दिल्ली। पश्चिम बंगाल (Bengal SIR) में 152 विधानसभा सीटों के लिए हो रहे प्रथम चरण के मतदान से 24 घंटे पहले बुधवार सुबह एक सूची जारी की गई जिसमें ट्रिब्यूनल द्वारा क्लियर किए गए मतदाताओं के नाम शामिल हैं। गजब यह कि इस सूची में 139 मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में जोड़े गए हैं।

गौरतलब है कि आयोग ने उन्हीं मतदाताओं की पहली चरण की पूरक सूची जारी की है जिनके मामलों का ट्रिब्यूनल के माध्यम से निपटारा हो चुका है। हालांकि, आयोग ने यह नहीं बताया कि कुल कितने मतदाताओं ने आवेदन किया था और उनमें से कितनों को शामिल करने की अनुमति दी गई।

निर्वाचन आयोग के सूत्रों के अनुसार, ट्रिब्यूनल को कुल 34 लाख आवेदन प्राप्त हुए थे, जिनमें से पहले चरण में लगभग 650 मामलों का फैसला किया गया। इनमें से 139 मतदाताओं के नाम मतदाता सूची में शामिल किए गए हैं और वे कल मतदान करने के पात्र होंगे।

इन नामों को जोड़ने के बाद पहले चरण में कुल मतदाताओं की संख्या 3,60,77,310 हो गई है।हालांकि, व्यक्तिगत मतदाता ईसीआई की वेबसाइट पर अपना नाम देख सकते हैं।

दूसरे चरण की सूची अब तक नहीं तैयार

जिन बूथों पर मामले अभी लंबित हैं, वहां नाम नहीं दिखेंगे।जिन मतदाताओं के नाम लंबित सूची में नहीं हैं, वे अपनी EPIC नंबर या वोटर आईडी से अपनी स्थिति चेक कर सकते हैं।दूसरे चरण के लिए अंतिम मतदाता सूची अभी तैयार नहीं की गई है, क्योंकि ट्रिब्यूनल की कार्यवाही 27 अप्रैल तक जारी रहेगी। उस चरण से पहले और नाम जोड़े जा सकते हैं।

अधिकारियों ने स्पष्ट किया कि इन 650 मामलों में 139 के अलावा कुछ मतदाताओं के नाम पहले से ही अंतिम मतदाता सूची में थे। लेकिन कुछ चिंताओं के कारण उन्होंने ट्रिब्यूनल में आवेदन किया था। आयोग ने पुष्टि की कि ऐसे मतदाता पहले से ही मतदान करने के योग्य हैं और उन पर कोई रोक नहीं है।

सुप्रीम कोर्ट ने दिया था आदेश

आयोग ने ट्रिब्यूनल में निपटारे के बाद नाम जोड़ने और हटाने की दो सूचियां जारी की हैं।यह पूरक सूची सुप्रीम कोर्ट के निर्देशों के अनुसार जारी की गई है। संविधान के अनुच्छेद 142 के तहत अपनी विशेष शक्तियों का इस्तेमाल करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने निर्देश दिया था कि मतदान से दो दिन पहले तक ट्रिब्यूनल द्वारा योग्य ठहराए गए मतदाताओं को इस बंगाल विधानसभा चुनाव में वोट करने की अनुमति दी जाए।

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