रायपुर। डी.एल.एड. द्वितीय वर्ष और सीजी पीएससी मुख्य परीक्षा की तिथियां एक ही दिन निर्धारित किए जाने के विरोध में सोमवार को राष्ट्रीय छात्र संगठन (NSUI) ने जोरदार प्रदर्शन किया। संगठन ने आरोप लगाया कि परीक्षा तिथियों के टकराव से प्रदेश के सैकड़ों छात्रों का भविष्य प्रभावित हो सकता है।
जिला उपाध्यक्ष तारिक अनवर खान के नेतृत्व में हुए प्रदर्शन में बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं शामिल हुए। एनएसयूआई का कहना है कि 8 जून को डी.एल.एड. द्वितीय वर्ष की परीक्षा और सीजी पीएससी मुख्य परीक्षा एक साथ आयोजित की जा रही है, जिससे अभ्यर्थियों के सामने किसी एक परीक्षा को छोड़ने की मजबूरी पैदा हो गई है।
प्रदर्शन के दौरान छात्र तीन घंटे से अधिक समय तक भीषण गर्मी और उमस के बीच डटे रहे। इस दौरान गर्मी के कारण कुछ छात्रों की तबीयत बिगड़ गई, जबकि एक छात्र बेहोश हो गया। साथी छात्रों ने उसे प्राथमिक उपचार उपलब्ध कराया। इसके बावजूद प्रदर्शन जारी रहा और छात्र अपनी मांगों पर अड़े रहे।
एनएसयूआई ने आरोप लगाया कि यह निर्णय छात्रहितों के खिलाफ है। संगठन का कहना है कि एक ओर विद्यार्थी वर्षों की तैयारी के बाद सीजी पीएससी मुख्य परीक्षा में शामिल होने जा रहे हैं, वहीं दूसरी ओर डी.एल.एड. परीक्षा भी उनके शैक्षणिक भविष्य से जुड़ी हुई है। ऐसे में दोनों परीक्षाएं एक ही दिन आयोजित करना छात्रों के साथ अन्याय है।
जिला उपाध्यक्ष तारिक अनवर खान ने कहा कि छात्रों ने लगातार अपनी समस्या प्रशासन और संबंधित अधिकारियों के सामने रखी है, लेकिन अब तक कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया है। उन्होंने कहा कि छात्रहित के इस मुद्दे पर एनएसयूआई पीछे नहीं हटेगी और छात्रों की आवाज को मजबूती से उठाती रहेगी।
संगठन ने मांग की है कि डी.एल.एड. परीक्षा की संबंधित तिथियों में तत्काल संशोधन किया जाए ताकि प्रभावित अभ्यर्थियों को दोनों परीक्षाओं में शामिल होने का अवसर मिल सके।
एनएसयूआई ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द सकारात्मक निर्णय नहीं लिया गया तो आंदोलन को और व्यापक एवं उग्र किया जाएगा, जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन की होगी।
प्रदर्शन में जिला महासचिव संस्कार पांडेय, विधानसभा उपाध्यक्ष आशीष बाजपाई, जिला सचिव मोहम्मद जिशान, शत्रुंजय शुक्ला, खुशराज ढिल्लन, कपिल डांडे सहित बड़ी संख्या में छात्र नेता और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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