ABVP Protest Bhopal: अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) ने मंगलवार को भोपाल के पॉलिटेक्निक चौराहे पर महारानी लक्ष्मीबाई (MLB) गर्ल्स कॉलेज के पास संचालित शराब दुकान के खिलाफ जोरदार प्रदर्शन किया। बड़ी संख्या में छात्र-छात्राओं ने बैनर और पोस्टर लेकर सरकार और प्रशासन के खिलाफ नारेबाजी की।
प्रदर्शनकारियों ने नारे लगाते हुए कहा, ‘शिक्षा के मंदिर के पास शराब की दुकान नहीं चलेगी’ और ‘जहां ज्ञान की ज्योति जलती है, वहां शराब की दुकान नहीं चलती’। छात्रों ने आरोप लगाया कि कॉलेज के महज 50 मीटर की दूरी पर शराब दुकान होने से छात्राओं की सुरक्षा को खतरा है।
पुलिस ने लगाए बैरिकेड, कलेक्टर पहुंचे मौके परप्रदर्शन को देखते हुए पुलिस ने बैरिकेडिंग कर दी और भारी सुरक्षा बल तैनात किया। मौके पर 200 से ज्यादा पुलिसकर्मी, वरिष्ठ अधिकारी और वॉटर कैनन भी पहुंचे। कुछ छात्र बैरिकेड पर चढ़कर भी अपना विरोध जताते दिखे।
भोपाल कलेक्टर प्रियंक मिश्रा प्रदर्शनकारियों से मिलने पहुंचे। उन्होंने छात्रों को आश्वासन दिया कि मामले की जांच की जा रही है और 7 दिन के अंदर निर्णय ले लिया जाएगा। कलेक्टर के आश्वासन के बाद ABVP ने प्रदर्शन समाप्त कर दिया।
ABVP का अल्टीमेटम
ABVP के भोपाल महानगर सह मंत्री अमित महावर ने कहा कि कॉलेज के पास शराब दुकान छात्राओं के शैक्षणिक माहौल और सुरक्षा के लिए खतरा है। उन्होंने चेतावनी दी कि अगर 7 दिन में दुकान नहीं हटाई गई तो आठवें दिन से फिर बड़ा आंदोलन शुरू किया जाएगा।
एबीवीपी के प्रांत संयोजक शिवम जाट ने बताया कि परिषद पिछले एक साल से इस मुद्दे को लगातार उठा रही है। कई बार ज्ञापन देने के बावजूद कोई कार्रवाई नहीं हुई, जिसके कारण प्रदर्शन करना पड़ा।
कलेक्टर का बयान
कलेक्टर प्रियंक मिश्रा ने कहा कि उन्होंने पदभार संभालते ही इस विवाद की जानकारी ली थी। 3 जून को संबंधित पक्ष को नोटिस जारी किया गया था। अब मामला हाईकोर्ट में है, जहां जिला स्तरीय समिति को सुनवाई कर निर्णय लेने के निर्देश मिले हैं। उन्होंने कहा कि कॉलेज से दुकान की दूरी समेत सभी नियमों की जांच के बाद पारदर्शी फैसला लिया जाएगा।
छात्रों ने शराब दुकान हटाने के अलावा क्षेत्र में सीसीटीवी कैमरे लगाने, फ्लाईओवर पर ओवरब्रिज बनाने और शैक्षणिक संस्थानों के आसपास असामाजिक गतिविधियों पर अंकुश लगाने की भी मांग की। प्रदर्शन शांतिपूर्ण तरीके से समाप्त हो गया लेकिन ABVP ने साफ कर दिया है कि यदि समय सीमा में कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन और तेज किया जाएगा।










