लेंस डेस्क। Nashik TCS case: महाराष्ट्र के नासिक स्थित टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) से जुड़े यौन उत्पीड़न और धार्मिक रूपांतरण के आरोपों वाले मामले में मीडिया ने शुरुआत से ही निदा खान को एचआर मैनेजर के रूप में हाइलाइट किया। कई प्रमुख समाचार चैनलों, वेबसाइटों और अखबारों ने निदा खान को ‘Pune-based HR manager’, ‘HR head’, ‘mastermind’ और ‘key suspect’ बताया, जो शिकायतों को दबाने, POSH कमिटी में शामिल होने और पीड़ित महिलाओं को रिपोर्ट न करने की सलाह देने वाली केंद्रीय किरदार थीं।
पुलिस की FIR नंबर 156 में भी उन्हें आरोपियों में शामिल किया गया, जबकि 26 मार्च को दर्ज केस में अब SC/ST (अत्याचार निवारण) अधिनियम 1989 की धाराएं भी जोड़ दी गई हैं क्योंकि शिकायतकर्ता महिला अनुसूचित जाति की सदस्य हैं। मीडिया रिपोर्ट्स में निदा खान को फरार बताया गया, जबकि उनके परिवार ने दावा किया कि वह घर पर हैं और गर्भवती हैं।
TCS ने क्या कहा

TCS ने CEO और MD के. कृष्णिवासन के बयान में स्पष्ट किया कि निदा खान न तो HR मैनेजर हैं, न रिक्रूटमेंट से जुड़ी हैं। वे मात्र प्रोसेस एसोसिएट (process associate) के रूप में काम करती थीं और कोई लीडरशिप जिम्मेदारी नहीं संभालती थीं। कंपनी ने कहा कि प्रेस में उन्हें बार-बार HR मैनेजर बताने की खबरें गलत हैं।
नासिक यूनिट पूरी तरह संचालित है और क्लाइंट्स को सेवाएं दे रही है। इसे बंद होने की खबरें बेबुनियाद हैं। प्रारंभिक जांच में एथिक्स या POSH चैनलों पर इस तरह की कोई शिकायत नहीं मिली। कंपनी ने Deloitte और Trilegal को इंटरनल जांच के लिए बाहरी विशेषज्ञ के रूप में शामिल किया है।
COO आरती सुब्रमण्यम की अगुवाई में जांच रिपोर्ट पर्यवेक्षण समिति जिसके अध्यक्ष स्वतंत्र निदेशक केकी मिस्त्री हैं, को सौंपी जाएगी। TCS ने दोहराया कि कंपनी कर्मचारियों की सुरक्षा, सम्मान और जीरो टॉलरेंस पॉलिसी पर पूरी तरह कायम है तथा कानून एजेंसियों से पूरा सहयोग दे रही है।
महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस का बयान
मामले पर मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस ने 17 अप्रैल कोलकाता में प्रेस कॉन्फ्रेंस में पहली बार विस्तार से बात की थी। उन्होंने इसे “बहुत गंभीर मुद्दा” बताया था। उन्होंने कहा था कि ‘यह एक मॉड्यूल द्वारा किया गया काम है। हम इस मॉड्यूल को तोड़ देंगे। कोई भी बचा नहीं जाएगा। TCS ने भी इसे गंभीरता से लिया है और किसी को बचाने की कोशिश नहीं की। हम सेंट्रल एजेंसियों की मदद लेंगे।‘











