लेंस डेस्क। इलाहाबाद विश्वविद्यालय के सेवानिवृत्त प्रोफेसर, वरिष्ठ आलोचक तथा कवि राजेंद्र कुमार का 15 जनवरी की रात को निधन हो गया। वह 84 वर्ष के थे। वह जन संस्कृति मंच के भी पूर्व राष्ट्रीय अध्यक्ष थे।
राजेंद्र कुमार का जन्म 24 जुलाई, 1946 को कानपुर में हुआ था।
उनके चर्चित काव्य संग्रहों में ऋण गुणा ऋण, लोहा लक्कड़, हर कोशिश है एक बगावत और उदासी का ध्रुपद शामिल है। राजेंद्र कुमार ने अभिप्राय नाम की एक पत्रिका का प्रकाशन भी किया था। इसके अलावा आलोचमना पर केंद्रित उनकी किताबें शब्द घड़ी में समय, आलोचना आसपास और कथार्थ और यथार्थ चर्चित रही हैं।











