नई दिल्ली। संसद के बजट सत्र के बीच आज सुबह लोकसभा परिसर में राजनीतिक माहौल अचानक गरमा गया। विपक्ष के नेता राहुल गांधी निलंबित कांग्रेस सांसदों के समर्थन में प्रदर्शन के दौरान खड़े थे, तभी केंद्रीय राज्य मंत्री रवनीत सिंह बिट्टू वहां से गुजरे।
राहुल गांधी ने उन्हें देखते ही इशारा करते हुए कहा, ‘देखो, एक गद्दार यहां से गुजर रहा है… इसका चेहरा देखो।’ फिर हाथ बढ़ाकर मजाकिया अंदाज में बोले, ‘हैलो भाई, मेरे गद्दार दोस्त… फिक्र मत करो, तुम वापस कांग्रेस में आ ही जाओगे।’
इस पर रवनीत सिंह बिट्टू ने हाथ मिलाने से साफ इनकार कर दिया और पलटकर कहा, ‘देश के दुश्मन…।’ इसके बाद दोनों के बीच कुछ पल तीखी नोकझोंक चली, जो कैमरों में कैद हो गई।
रवनीत सिंह बिट्टू पहले कांग्रेस में रहे हैं, लेकिन बाद में उन्होंने पार्टी छोड़कर भाजपा जॉइन कर ली थी। इस घटना ने दोनों पार्टियों के बीच आरोप-प्रत्यारोप का नया दौर शुरू कर दिया है।
भाजपा ने इस पर कड़ी प्रतिक्रिया दी। केंद्रीय मंत्री हरदीप सिंह पुरी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि राहुल गांधी का ‘गद्दार’ शब्द इस्तेमाल बहुत गंभीर है, क्योंकि यह देश के साथ विश्वासघात करने वाले के लिए होता है।
उन्होंने कहा कि रवनीत बिट्टू सिख परिवार से हैं, जिनके दादा सरदार बेअंत सिंह पंजाब के मुख्यमंत्री रह चुके थे और एक हत्यारे की गोली का शिकार हुए थे। ऐसे में उन्हें गद्दार कहना पूरी तरह अस्वीकार्य है और इससे पूरा सिख समुदाय आहत हुआ है। भाजपा नेता अरविंदर सिंह लवली ने भी इसे दुर्भाग्यपूर्ण बताया और कहा कि इस टिप्पणी से सिख समुदाय को गहरा दुख पहुंचा है।
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