पहली बार पढ़िए वेदांता पावर प्लांट हादसे के 18 जिम्मेदारों के नाम, जिन्हें FIR में बनाया गया है आरोपी

April 24, 2026 8:23 PM
Vedanta Power Plant Accident

रायपुर। छत्तीसगढ़ के वेदांता पावर प्लांट हादसे (Vedanta Power Plant Accident) में 24 लोगों की मौत के बाद पुलिस ने कंपनी के शीर्ष अधिकारियों समेत कई जिम्मेदार कर्मचारियों के खिलाफ 18 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज की है। जांच में सामने आया है कि मशीनरी और उपकरणों के रखरखाव में लापरवाही तथा संचालन में उपेक्षा के कारण बॉयलर का तापमान और प्रेशर अचानक बढ़ गया, जिससे यह बड़ा हादसा हुआ।

पुलिस ने इस मामले में कंपनी के चेयरमैन अनिल अग्रवाल, कंपनी प्रबंधक देवेंद्र पटेल सहित कई अधिकारियों को आरोपी बनाया है। ये दो नाम पहले से ही सार्वजनिक कर दिए गए थे। अब पढ़ें वे नाम, जिनके नाम पहली बार सार्वजनिक हुए हैं।

इनमें ऑपरेशन एंड मेंटनेंस हेड सुशील बेहरा, एचएसई हेड आशीष पदमवार, ई एंड वी हेड मनीष लखेरा, प्रोजेक्ट हेड अनिरुद्ध प्रताप, मैकेनिकल एंड मेंटनेंस हेड अशीत कुमार, ऑपरेशन हेड राजेश कुमार सक्सेना, डिप्टी हेड ऑपरेशन अमोल महाले, मेंटनेंस हेड सुशील कुमार, ऑपरेशनल हेड सरोज कुमार, मैकेनिकल बॉयलर मेंटनेंस जस्सी येडूकोडलू, लीड ऑपरेशन पीतांबर राठौर, टरबाइन मेंटनेंस हेड अजीत पंडा, लीड ऑपरेशन बृजेश, इलेक्ट्रिकल मेंटनेंस हेड नीरज कुमार, सी एंड आई मेंटनेंस राजकुमार भटनागर, ए एंड पीएच इंद्रजीत बेहरा का नाम शामिल है।

इसके अलावा अन्य भी है, जिनके नाम जांच में सामने आने पर शामिल किए जा सकते हैं।

पुलिस के अनुसार प्रारंभिक जांच में पाया गया है कि प्लांट की मशीनरी और बॉयलर सिस्टम का समय पर उचित रखरखाव नहीं किया गया था। इसके कारण बॉयलर का तापमान अचानक बढ़ गया और प्रेशर में तेज उछाल आया, जिससे गंभीर हादसा हो गया।

इस मामले में आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की धारा 106(1), धारा 289 और धारा 3(5) के तहत एफआईआर दर्ज की गई है। पुलिस अब तकनीकी रिपोर्ट, कर्मचारियों के बयान और प्लांट के ऑपरेशन रिकॉर्ड के आधार पर पूरे मामले की जांच कर रही है।

वहीं राज्य सरकार ने हादसे की प्रशासनिक जांच के लिए बिलासपुर संभाग के आयुक्त को जिम्मेदारी सौंपी है। जांच में यह भी देखा जा रहा है कि सुरक्षा मानकों का पालन किया गया था या नहीं और प्लांट प्रबंधन की ओर से किस स्तर पर लापरवाही हुई।

फिलहाल पुलिस और प्रशासनिक जांच दोनों समानांतर रूप से चल रही हैं। उम्मीद है कि तकनीकी रिपोर्ट और जांच पूरी होने के बाद हादसे के पीछे की सटीक वजह और जिम्मेदार लोगों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।

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दानिश अनवर

दानिश अनवर, द लेंस में जर्नलिस्‍ट के तौर पर काम कर रहे हैं। उन्हें पत्रकारिता में करीब 14 वर्षों का अनुभव है। द लेंस से पहले दैनिक भास्‍कर में इन्‍वेस्टिगेटिव रिपोर्टिंग टीम में सीनियर रिपोर्टर, नवभारत में क्राइम रिपोर्टर, नईदुनिया में स्पोर्ट्स जर्नलिस्ट और पत्रिका अखबार में रिपोर्टर के तौर पर 10 साल काम किया। इन सभी अखबारों में दानिश अनवर ने विभिन्न विषयों जैसे- क्राइम, पॉलिटिकल, एजुकेशन, स्‍पोर्ट्स, कल्‍चरल और स्‍पेशल इन्‍वेस्टिगेशन स्‍टोरीज कवर की हैं। दानिश को प्रिंट का अच्‍छा अनुभव है। वह सेंट्रल इंडिया के कई शहरों में काम कर चुके हैं।

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