नई दिल्ली। भारतीय सरकार की आलोचना करने वाले कई X अकाउंट, जिनमें पैरोडी प्रोफाइल निमो यादव और एक्टिविस्ट @Nher_who, एक्टिविस्ट संदीप आदि शामिल हैं, को 18 मार्च से आईटी अधिनियम के तहत कानूनी आदेशों के बाद भारत में ब्लॉक कर दिया गया। दुनिया के अन्य देशों में यह एकाउंट दृश्य होंगे।
पत्रकार आदित्य राज कौल ने @DrNimoYadav के खिलाफ की गई कार्रवाई का समर्थन करते हुए फर्जी खबरों, आईएसआई के दुष्प्रचार दावों और उन पर तथा सेना प्रमुख पर हुए हमलों का हवाला दिया, जबकि विपक्षी नेता सुप्रिया श्रीनेत ने इसे चुनावों से पहले इलेक्ट्रॉनिक्स एवं आईटी मंत्रालय द्वारा की गई सेंसरशिप करार दिया। नीमो यादव की आखिरी पोस्ट में व्यंग्य किया गया था कि कोई डर गया है।
कांग्रेस सोशल मीडिया हेड सुप्रिया श्रीनेत ने कहा कि आज सुबह ट्विटर पर तमाम ऐसे अकाउंट्स को इंडिया में ब्लॉक कर दिया जो सरकार से सवाल पूछते हैं, सरकार की विफलताओं को उजागर करते हैं, लोगों के मुद्दों पर सरकार को घेरते हैंयह एक नया ट्रेंड है। पहले सरकारी आदेश से कंटेंट ब्लॉक या डिलीट करवाओ और फिर अकाउंट को भारत में बैन कर दो।
सुप्रिया का कहना था कि यह काम अश्विनी वैष्णव के के आदेश पर Section 69A के तहत सोशल मीडिया प्लेटफार्म से कराया जा रहा हैसरकारी बाबू बैठ कर यह निर्धारित कर रहे हैं, क्या कंटेंट चलेगा क्या नहीं।यह अभिव्यक्ति की आज़ादी पर बहुत बड़ा हमला है।
मुख्यधारा के मीडिया को अपना चरणचुंबक बना कर यह सारी कवायद अब सोशल मीडिया को रेगुलेट करने की है।अश्विनी वैष्णव हर छोर पर विफल होने के बाद अपनी उपयोगिता कंटेंट और अकाउंट ब्लॉक करके सिद्ध कर रहे हैं।
सुप्रिया के कहा है कि मोदी जी आप कितने कायर हैं, आलोचना के दो शब्द नहीं सह सकते? फिर ऐसे घटिया काम ही क्यों करते हैं? और वह लोग जिनको ‘लोकतंत्र खतरे में है’ सुनकर बड़ी आपत्ति होती है, अब क्या कहेंगे।
उन्होंने कहा कि क्या एक लोकतांत्रिक देश में सवाल पूछने का मतलब सोशल मीडिया अकाउंट्स लॉक कर देना है?आप कितने ही अकाउंट लॉक कर दीजिए – ना सवालों से बच पायेंगे ना आलोचना से. अलबत्ता ऐसे काम करके अपना डर, अपना ख़ौफ़, अपनी विफलता और बयाँ कर रहे हैं।
इसके पहले गुरुवार को हुई पुरुष खिलाड़ी नीलामी में पाकिस्तानी मिस्ट्री स्पिनर अबरार अहमद को खरीदने के बाद सनराइजर्स फ्रेंचाइजी के X एकाउंट को सस्पेंड कर दिया । सनराइजर्स ने अबरार को 255,000 अमेरिकी डॉलर में खरीदकर द हंड्रेड में किसी भारतीय स्वामित्व वाली टीम द्वारा साइन किए जाने वाले पहले पाकिस्तानी खिलाड़ी बनने का गौरव हासिल किया था।










