नई दिल्ली। समाजवादी पार्टी प्रमुख अखिलेश यादव के छोटे भाई और भाजपा नेता अपर्णा बिष्ट यादव प्रतीक यादव (Prateek Yadav) का बुधवार सुबह निधन हो गया। वह 38 वर्ष के थे। उनके निधन की खबर से राजनीतिक और सामाजिक हलकों में शोक की लहर है।
जानकारी के मुताबिक, सुबह करीब 6 बजे प्रतीक यादव को उनकी पत्नी अपर्णा यादव के भाई अमन सिंह बिष्ट लखनऊ के सिविल अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
सिविल अस्पताल के चीफ मेडिकल सुपरिटेंडेंट डीसी पांडे ने बताया कि जब प्रतीक यादव को अस्पताल लाया गया, तब उनकी पल्स पूरी तरह डाउन थी और हार्ट काम करना बंद कर चुका था।
इसके बाद शव को पोस्टमॉर्टम के लिए किंग्स जॉर्ज मेडिकल यूनिवर्सिटी भेजा गया।
पोस्टमॉर्टम में शरीर पर किसी प्रकार के चोट के निशान नहीं मिले हैं। हालांकि मौत के स्पष्ट कारणों का पता लगाने के लिए विसरा सुरक्षित रखा गया है।
भाई के निधन की सूचना मिलने पर अखिलेश यादव पोस्टमॉर्टम हाउस पहुंचे। उन्होंने डॉक्टरों से बातचीत की और प्रतीक के ड्राइवर से भी जानकारी ली। बाहर निकलकर उन्होंने कहा, ‘यह बेहद दुखद है कि वे आज हमारे बीच नहीं हैं। परिवार जो निर्णय करेगा, वही होगा।’
बताया जा रहा है कि 30 अप्रैल को प्रतीक यादव की तबीयत बिगड़ने पर उन्हें लखनऊ के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। डॉक्टरों के मुताबिक वे पल्मोनरी एम्बोलिज्म जैसी गंभीर बीमारी से जूझ रहे थे, जिसमें खून का थक्का फेफड़ों की नसों में फंस जाता है और ब्लड सर्कुलेशन प्रभावित होता है।
कुछ दिन इलाज के बाद तबीयत में सुधार आने पर वे अस्पताल से बिना औपचारिक छुट्टी लिए घर लौट गए थे।
प्रतीक यादव, दिवंगत मुलायम सिंह यादव और साधना गुप्ता के बेटे थे। उन्होंने ब्रिटेन की लीड्स यूनिवर्सिटी से पढ़ाई की थी और राजनीति से दूरी बनाए रखी थी। वे रियल एस्टेट और फिटनेस बिजनेस से जुड़े थे।
प्रतीक ने करीब 14 साल पहले अपर्णा यादव से लव मैरिज की थी। दोनों की दो बेटियां हैं। इसी साल जनवरी में दोनों के रिश्तों में तनाव की खबरें सामने आई थीं, लेकिन कुछ दिनों बाद दोनों में सुलह हो गई थी।









