नई दिल्ली/पुणे। भारत के राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार (NSA) अजीत डोभाल को आज पुणे में प्रतिष्ठित लोकमान्य तिलक राष्ट्रीय पुरस्कार 2026 से सम्मानित किया जाएगा। यह सम्मान लोकमान्य बाल गंगाधर तिलक की 106वीं पुण्यतिथि के अवसर पर आयोजित समारोह में प्रदान किया जाएगा। इस पुरस्कार के लिए अजीत डोभाल का चयन देश की राष्ट्रीय सुरक्षा, आतंकवाद विरोधी अभियानों, गुप्त अभियानों और सीमा सुरक्षा को मजबूत करने में उनके लंबे और महत्वपूर्ण योगदान के लिए किया गया है।
पुणे के गुलटेकड़ी स्थित महाराष्ट्र मंडल मैदान में आयोजित होने वाले इस समारोह में केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह मुख्य अतिथि के रूप में डोभाल को सम्मानित करेंगे। कार्यक्रम में महाराष्ट्र के मुख्यमंत्री देवेंद्र फडणवीस, उपमुख्यमंत्री एकनाथ शिंदे, उपमुख्यमंत्री सुनेत्रा पवार समेत कई वरिष्ठ नेता और गणमान्य लोग शामिल होंगे। समारोह से पहले अमित शाह और देवेंद्र फडणवीस पुणे पहुंच चुके हैं। प्रशासन ने कार्यक्रम स्थल और आसपास के इलाकों में सुरक्षा के व्यापक इंतजाम किए हैं।
लोकमान्य तिलक स्मारक ट्रस्ट के अध्यक्ष डॉ. रोहित तिलक ने प्रेस वार्ता में इस सम्मान की घोषणा की। यह पुरस्कार हर वर्ष उन व्यक्तियों को दिया जाता है जिन्होंने अपने क्षेत्र में देश के लिए असाधारण योगदान दिया हो। पुरस्कार में स्मृति चिह्न, प्रशस्ति पत्र और एक लाख रुपये की सम्मान राशि प्रदान की जाती है।
81 वर्षीय अजीत डोभाल भारत के सबसे लंबे समय तक सेवा देने वाले राष्ट्रीय सुरक्षा सलाहकार हैं। वर्ष 1968 बैच के केरल कैडर के आईपीएस अधिकारी रहे डोभाल ने तीन दशक से अधिक समय तक भारतीय खुफिया तंत्र में सेवाएं दीं और बाद में इंटेलिजेंस ब्यूरो (IB) के प्रमुख भी रहे। अपने लंबे करियर में उन्होंने ऑपरेशन ब्लैक थंडर, डोकलाम कूटनीतिक वार्ता और बालाकोट एयर स्ट्राइक जैसे कई अहम अभियानों में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। राष्ट्रीय सुरक्षा के क्षेत्र में उनके योगदान को देखते हुए उन्हें देश के प्रतिष्ठित नागरिक सम्मानों में शामिल इस पुरस्कार से सम्मानित किया जा रहा है।









