नई दिल्ली । 13 साल की प्रशासनिक सेवा छोड़ चुकीं पूर्व IAS अधिकारी दिव्या मित्तल अब राजनीति के मैदान में उतरने की तैयारी में हैं। उनके ताजा वीडियो संदेश से संकेत मिला है कि वह किसी स्थापित राजनीतिक दल का हिस्सा बनने के बजाय अपनी अलग राजनीतिक राह बनाने का फैसला कर चुकी हैं। यह नई पारी उत्तर प्रदेश से शुरू होगी।
दिव्या मित्तल ने कुछ दिन पहले आईएएस सेवा से त्यागपत्र देकर यह सवाल छोड़ दिया था कि प्रशासनिक सेवा छोड़ने के बाद उनका अगला कदम क्या होगा। अब उन्होंने खुद सामने आकर लोगों से संवाद शुरू किया है। उन्होंने कहा कि यदि लोगों को लगे कि यह उनकी भी आवाज है तो वे दिए गए व्हाट्सएप नंबर 9198956957 पर संदेश भेज सकते हैं। इस्तीफे के बाद सोशल मीडिया पर उन्होंने खुद उन संभावनाओं का जिक्र किया था—परिवार को समय देना, विदेश लौटना, कोचिंग, किताब लिखना या राजनीति में आना।
यूपी की राजनीति में एंट्री
29 सितंबर को उनके अगले कदम का इंतजार था। मंगलवार को उन्होंने अलग राजनीतिक दल बनाने की घोषणा की। 2027 के विधानसभा चुनाव की तैयारियों के बीच किसी पूर्व नौकरशाह का सीधे अपना संगठन खड़ा करना चर्चा का विषय बनेगा।
उन्होंने लोगों से व्हाट्सएप पर जुड़ने की अपील की है। इससे लगता है कि शुरुआत में प्रत्यक्ष जनसंवाद और डिजिटल माध्यम उनकी रणनीति का हिस्सा होंगे। संगठन का स्वरूप, विचारधारा, सदस्यता और चुनावी रणनीति औपचारिक ऐलान के बाद साफ होगी।
13 साल की सेवा के बाद नई पारी
2013 बैच की आईएएस अधिकारी दिव्या मित्तल ने 30 अगस्त को त्यागपत्र देने की घोषणा की थी। शासन ने इसे 15 सितंबर 2026 को स्वीकार कर लिया। इससे उनका करीब 13 वर्षों का प्रशासनिक सफर समाप्त हो गया।
आईआईटी दिल्ली और आईआईएम बेंगलुरु से पढ़ाई करने वाली दिव्या मित्तल प्रशासनिक सेवा से पहले विदेश में भी काम कर चुकी हैं। उत्तर प्रदेश में वे संत कबीरनगर, मीरजापुर और देवरिया समेत कई जिलों की जिलाधिकारी रह चुकी हैं। मीरजापुर के लहुरियादह गांव में पाइप से पानी पहुंचाने की पहल से उन्हें विशेष पहचान मिली।








