मंगलवार को देश के चार राज्यों—पश्चिम बंगाल, असम, तमिलनाडु और पुडुचेरी—में कुल छह सीटों पर उपचुनाव का मतदान चल रहा है। इनमें पश्चिम बंगाल की नंदीग्राम और रेजीनगर विधानसभा सीटें, तमिलनाडु की मदुरंतकम व धारापुरम, पुडुचेरी की थट्टानचावडी और असम की नगांव लोकसभा सीट शामिल हैं। सभी सीटों के नतीजे 9 अक्टूबर को आने वाले हैं।
पश्चिम बंगाल में सबसे ज्यादा ध्यान मुर्शिदाबाद और नंदीग्राम पर है। आम जनता उन्नयन पार्टी (एजेयूपी) के प्रमुख और विधायक हुमायूं कबीर को पुलिस ने मुर्शिदाबाद स्थित उनके पार्टी कार्यालय से हिरासत में ले लिया। पुलिस ने अभी तक हिरासत का कोई आधिकारिक कारण नहीं बताया है। हुमायूं कबीर के बेटे गुलाम नबी आजाद रेजीनगर से एजेयूपी के उम्मीदवार हैं।
नंदीग्राम से कांग्रेस प्रत्याशी मिलन प्रधान ने आरोप लगाया है कि उनके पोलिंग एजेंटों को जबरन उठाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मतदान प्रक्रिया में बाधा डाली जा रही है और एजेंटों को धमकाया जा रहा है।
सुबह 9 बजे तक रेजीनगर में करीब 18 प्रतिशत और नंदीग्राम में करीब 21 प्रतिशत मतदान दर्ज किया गया।
रेजीनगर में कड़ा मुकाबला
रेजीनगर मुस्लिम बहुल सीट है। यहां भाजपा, कांग्रेस, तृणमूल कांग्रेस, सीपीआई(एम) और एजेयूपी के उम्मीदवार मैदान में हैं। भाजपा के उम्मीदवार को छोड़कर बाकी प्रमुख प्रत्याशी मुस्लिम समुदाय से हैं। हुमायूं कबीर और उनके परिवार का आरोप है कि पुलिस कार्यकर्ताओं को परेशान कर रही है और मतदान में बाधा पैदा की जा रही है। उन्होंने चुनाव आयोग से भी शिकायत की है।
मुर्शिदाबाद के कुछ बूथों पर मतदाताओं ने आरोप लगाया कि असामाजिक तत्व उन्हें वोट डालने से रोक रहे हैं।
अन्य राज्यों में भी मतदान
तमिलनाडु में टीवीके प्रत्याशी ने दावा किया कि उन्हें एक लाख से ज्यादा वोट मिल सकते हैं। उन्होंने कहा कि उनके खिलाफ साजिशें रची जा रही हैं, लेकिन जनता सच्चाई समझती है।
पश्चिम बंगाल में यह उपचुनाव इसलिए भी खास है क्योंकि यहां लंबे समय बाद ऐसा मौका है जब ममता बनर्जी न तो मुख्यमंत्री हैं, न विधायक और न ही कोई उम्मीदवार।
भाजपा नेताओं का दावा है कि नंदीग्राम में इस बार जीत का अंतर पहले से काफी ज्यादा होगा। वहीं तृणमूल और अन्य दलों के नेता भी अपनी-अपनी तैयारियों का जिक्र कर रहे हैं।
मतदान शांतिपूर्ण तरीके से पूरा हो, इसके लिए प्रशासन और चुनाव आयोग की नजर बूथों पर बनी हुई है। मतदाताओं से अपील की जा रही है कि वे अपना मतदान अवश्य करें।








