रायपुर। छत्तीसगढ़ जकात फाउंडेशन की ओर से मिशन तालीम के तहत 12वां एज़ाज़ी कार्यक्रम 6 सितंबर को शहीद स्मारक सभागार में आयोजित किया गया। कार्यक्रम में रायपुर और आसपास के करीब 350 विद्यार्थियों को छात्रवृत्ति दी गई। संस्था के अनुसार वर्ष 2026 में पूरे छत्तीसगढ़ में करीब 1,000 विद्यार्थियों को 52 लाख रुपये की छात्रवृत्ति दी जाएगी। इस दौरान शिक्षा के क्षेत्र में उल्लेखनीय कार्य करने वाले 68 शिक्षकों का सम्मान किया गया।
12 साल में 8 हजार से अधिक छात्रवृत्तियां

फाउंडेशन के अनुसार पिछले 12 वर्षों में 8,000 से अधिक छात्रवृत्तियां दी जा चुकी हैं। संस्था की सहायता से अब तक 16 एमबीबीएस डॉक्टर, एक बीडीएस डॉक्टर, करीब 160 इंजीनियर, 10 सीए-सीएमए, 110 से अधिक नर्सिंग पेशेवर, 160 से अधिक फार्मेसी विद्यार्थी, 110 से अधिक आईटीआई विद्यार्थी और करीब 800 स्नातक तैयार हुए हैं।
छात्रों को शिक्षा के साथ कौशल प्रशिक्षण
संस्था की ओर से कंप्यूटर, जेनरेटिव एआई, टैली, एमएस ऑफिस, फैशन डिजाइनिंग, मेहंदी कला और अंग्रेजी बोलने सहित विभिन्न कौशल का प्रशिक्षण भी दिया जा रहा है। फाउंडेशन के अनुसार अब तक 800 से अधिक युवाओं और महिलाओं को प्रशिक्षण दिया जा चुका है।
कार्यक्रम में नीट में सफल होकर शासकीय मेडिकल कॉलेज महासमुंद में प्रवेश पाने वाले विद्यार्थी का भी सम्मान किया गया। वरिष्ठ शिक्षाविद् जफर अमजद को शिक्षा और सामाजिक सेवा में योगदान के लिए सम्मानित किया गया।
कार्यक्रम में छत्तीसगढ़ अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष अमरजीत सिंह छाबड़ा, छत्तीसगढ़ हज समिति के अध्यक्ष मिर्जा एजाज बेग, वक्फ बोर्ड की सीईओ शम्मी नाहिद और रायपुर नगर निगम के नेता प्रतिपक्ष आकाश तिवारी सहित कई लोग मौजूद रहे।
फाउंडेशन ने बताया कि शिक्षा के अलावा जरूरतमंद बच्चों को 15,000 से अधिक स्टेशनरी किट, कोविड के दौरान 3,000 से अधिक राशन किट और जरूरतमंद मरीजों के लिए ऑक्सीजन मशीनों की सुविधा भी उपलब्ध कराई गई है। संस्था पिछले करीब 11 वर्षों से युवाओं तक रोजगार के अवसरों की जानकारी भी पहुंचा रही है।










