नेशनल ब्यूरो,नई दिल्ली। ईरान और अमेरिका के बीच चल रहे युद्ध और तनाव को खत्म करने के प्रयासों में पाकिस्तान मध्यस्थ की भूमिका निभा रहा है। इस संदर्भ में ईरान के पाकिस्तान स्थित राजदूत रेज़ा अमीरी मोग़ादम ने X पर पोस्ट करके उसे डिलीट कर दिया। उन्होंने लिखा था “ईरानी प्रतिनिधिमंडल आज रात इस्लामाबाद पहुंच रहा है, जहां अमेरिका के साथ गंभीर बातचीत होगी। यह बातचीत ईरान की प्रस्तावित 10 सूत्री योजना के आधार पर होगी।Pakistan removes post
इस पोस्ट में उन्होंने यह भी कहा था कि ईरानी जनता में कुछ संशय है, क्योंकि इज़राइली पक्ष बार-बार संघर्षविराम का उल्लंघन कर कूटनीतिक प्रयासों को कमजोर करने की कोशिश कर रहा है।पोस्ट डिलीट होने के बाद अभी तक कोई आधिकारिक स्पष्टीकरण नहीं दिया गया है। कुछ मीडिया रिपोर्ट्स में इसे ईरान की आंतरिक चर्चा या संवेदनशील कूटनीतिक चरण को ध्यान में रखते हुए डिलीट किए जाने से जोड़ा जा रहा है। गौरतलब है कि इसके पहले भारत ने भी ईरानी राजदूत ने वह पोस्ट डिलीट कर दी थी जिसके उन्होंने कश्मीर की जनता को धन्यवाद कहा था।

पाकिस्तान पिछले कुछ दिनों से अमेरिका और ईरान के बीच संदेशों का आदान-प्रदान करा रहा है।अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एक समयसीमा तय की थी, जिसके बाद पाकिस्तान ने अंतिम प्रयास किया ताकि युद्ध रुके और सीधे बातचीत शुरू हो सके।
ईरान ने अस्थायी संघर्षविराम की बजाय स्थायी समाधान की मांग की है, जिसमेंक्षेत्रीय संघर्षों का अंत, हॉर्मूज जलडमरूमध्य में सुरक्षित मार्ग, प्रतिबंध हटाना आदि शामिल है।
इससे पहले राजदूत ने पाकिस्तान के प्रयासों को मित्रवत और भाईचारे वाला बताया था और कहा था कि बातचीत “गंभीर और संवेदनशील चरण” से आगे बढ़ रही है।यह घटना ईरान-अमेरिका तनाव के बीच पाकिस्तान की मध्यस्थता की कोशिशों को उजागर करती है, लेकिन पोस्ट डिलीट होने से कुछ अनिश्चितता बढ़ गई है।










