रायपुर। छत्तीसगढ़ में नर्सिंग (Nursing) कोर्स में प्रवेश की प्रक्रिया एक बार फिर अटक गई है। एडमिशन के लिए दो बार तय की गई अंतिम तारीख बीत चुकी है, फिर भी काउंसलिंग शुरू नहीं हो सकी है, चिकित्सा शिक्षा विभाग ने अब इंडियन नर्सिंग काउंसिल को पत्र भेजकर समय-सीमा 15 दिसंबर तक बढ़ाने की अपील की है।
कितने कॉलेज प्रभावित?
राज्य के 164 नर्सिंग कॉलेजों में इस साल दाखिला होना है। इनमें से 149 को मान्यता मिल चुकी है लेकिन 15 कॉलेजों की मंजूरी अभी बाकी है। अधिकारियों का कहना है कि बाकी कॉलेजों को भी इस हफ्ते मान्यता मिल सकती है। सभी कॉलेजों को हरी झंडी मिलने के बाद ही आयुष विश्वविद्यालय एडमिशन शेड्यूल जारी करेगा। इस वजह से हजारों छात्र इंतजार कर रहे हैं।
देरी की मुख्य वजह
इस साल छत्तीसगढ़ नर्सेस रजिस्ट्रेशन काउंसिल ने मान्यता प्रक्रिया को पूरी तरह ऑनलाइन कर दिया है। कॉलेजों को ऑनलाइन आवेदन करना पड़ता है और निरीक्षण के बाद जानकारी अपलोड होती है।
नई व्यवस्था शुरू होने के कारण कई कॉलेजों ने आवेदन में देर की, जिससे पूरी प्रक्रिया प्रभावित हुई। इस साल प्रदेश में 12 नए नर्सिंग कॉलेज खुले हैं। इनमें 9 सरकारी और 3 निजी कॉलेज शामिल हैं। हर साल इन सभी को नई मान्यता लेना अनिवार्य है।
कॉलेजों को सिर्फ इंडियन नर्सिंग काउंसिल द्वारा मंजूर सीटों के अनुसार ही प्रवेश देना होगा। तय सीमा से ज्यादा छात्रों को दाखिला देने पर कॉलेज को जिम्मेदार ठहराया जाएगा। परीक्षा में बैठने की अनुमति भी सिर्फ स्वीकृत सीटों के आधार पर मिलेगी।









