Cockroach Janta Party और सरकार के बीच शुक्रवार को दिल्ली के कॉन्स्टिट्यूशन क्लब में बैठक हुई। इसमें सरकार की तरफ से केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा, जितेंद्र सिंह और CJP की तरफ से सौरभ दास, आशुतोष रांका शामिल हुए। इससे पहले 20 जुलाई को केंद्रीय मंत्री जेपी नड्डा के घर वार्ता हुई थी, जो बेनतीजा रही थी।
CJP नेताओं ने सरकार को तीन मुख्य मांगों वाला पत्र सौंपा
शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान का इस्तीफा या उन्हें मंत्रिमंडल से हटाया जाए।
पेपर लीक मामले में जान गंवाने वाले छात्रों के परिवारों को 1-1 करोड़ रुपये का मुआवजा दिया जाए।
छात्र छात्राओं के खिलाफ दर्ज सभी FIR वापस ली जाएं।
CJP ने बताया कि बैठक सिर्फ 10 मिनट चली। सरकार ने दो मांगों पर विचार करने का आश्वासन दिया है, जबकि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे वाली मांग पर कल तक का समय मांगा है।दोनों पक्षों की स्थितिCJP ने साफ कहा है कि धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे पर कोई समझौता नहीं होगा। प्रदर्शनकारी अभी भी जंतर-मंतर पर डटे हुए हैं और अपनी मांगों पर अड़े हैं।सरकार की तरफ से अभी इस बैठक पर आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है।
पेपर लीक मामले में सुनवाई करते हुए सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि सरकार ने पेपर लीक के बाद से अब तक क्या-क्या सुधार किए हैं, हमें उसकी जानकारी दी जाए। मामले की जांच कहां तक पहुंची, यह भी बताया जाए। बैठक से पहले, CJP ने कहा था कि सरकार हमारे दबाव में है, इसलिए पीएम को रात 12:30 बजे वीडियो जारी करना पड़ा। शिक्षा मंत्री के इस्तीफे तक हमारा प्रदर्शन जारी रहेगा। पीएम मोदी ने गुरुवार देर रात वीडियो जारी कर कहा था कि सरकार पेपर लीक पर कानून लाएगी। वहीं, DMRC ने अगले आदेश तक नई दिल्ली समेत 18 मेट्रो स्टेशन बंद कर दिए हैं।







