Rahul Gandhi press conference : विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने गुरुवार को चुनाव आयोग, स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (SIR) और वोटर लिस्ट को लेकर प्रेस कॉन्फ्रेंस की। प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान उन्होंने प्रोजेक्टर पर गृह मंत्री अमित शाह का एक वीडियो भी दिखाया।
राहुल गांधी ने कहा कि संविधान के दुश्मनों का पर्दाफाश हो गया है और न्याय मिलेगा। उन्होंने आरोप लगाया कि वोट को खत्म किया गया है, जिसका मतलब संविधान को खत्म करना है।
राहुल गांधी ने क्या कहा?
राहुल गांधी ने कहा, ‘एंटी-इनकंबेंसी से कोई नहीं बचता। यह हर जगह होती है। लेकिन मोदी जी, अमित शाह या भाजपा के नेताओं के साथ ऐसा नहीं हो रहा है। यह हम सबके लिए एक बड़ा सवाल है।’ उन्होंने इंदिरा गांधी का उदाहरण देते हुए कहा कि बांग्लादेश युद्ध जीतने के बावजूद एक साल के अंदर उनके खिलाफ एंटी-इनकंबेंसी आ गई थी। लेकिन भाजपा के समय यह गायब हो जाती है।
राहुल ने कहा कि वोट देश की नींव है। वोट की रक्षा चुनाव आयोग करता है। इससे संविधान को शक्ति मिलती है। अगर वोट को खत्म कर दिया जाए तो संविधान भी खत्म हो जाता है।
इंडियन एक्सप्रेस रिपोर्ट का जिक्र
यह प्रेस कॉन्फ्रेंस इंडियन एक्सप्रेस की रिपोर्ट आने के एक दिन बाद हुई। रिपोर्ट में दावा किया गया था कि चुनाव आयुक्त सुखबीर सिंह संधू और विवेक जोशी ने पिछले 10 महीनों में SIR और वोटर लिस्ट से जुड़े मुद्दों पर कम से कम 14 बार लिखित आपत्ति दर्ज की थी। इन आपत्तियों की प्रतियां मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार को भी भेजी गई थीं, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं हुई।
चुनाव आयोग ने पहले कहा था कि अलग-अलग राय सामान्य प्रक्रिया है और सभी अंतिम फैसले सर्वसम्मति से लिए गए हैं।
राहुल गांधी इससे पहले भी 2025 में तीन बार प्रेस कॉन्फ्रेंस कर चुनाव आयोग पर वोट चोरी के आरोप लगा चुके हैं। उन्होंने आयोग को सरकार की ‘बी टीम’ भी कहा था। प्रेस कॉन्फ्रेंस में राहुल गांधी ने चुनाव प्रक्रिया की निष्पक्षता पर सवाल उठाए और कहा कि जवाब मिल गया है।







