रायपुर | मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में बुधवार को मंत्रालय महानदी भवन में मंत्रिपरिषद की बैठक (Sai Cabinet) हुई। बैठक में राज्य के विकास, सुशासन और औद्योगिक निवेश से जुड़े कई महत्वपूर्ण फैसले लिए गए।
कैबिनेट ने 500 करोड़ रुपये की लागत से पांच वर्षीय छत्तीसगढ़ आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) मिशन को मंजूरी दी। इसके तहत 100 AI डेटा लैब और 5 सेंटर ऑफ एक्सीलेंस स्थापित किए जाएंगे। लाखों विद्यार्थियों और सरकारी कर्मचारियों को AI का प्रशिक्षण भी दिया जाएगा। भारत सरकार के मिनीरत्न उपक्रम BEML को हेवी अर्थ मूविंग इक्विपमेंट निर्माण संयंत्र लगाने के लिए रियायती दर पर भूमि आवंटित करने का फैसला लिया गया। इससे राज्य में बड़ा निवेश आएगा और रोजगार के नए अवसर पैदा होंगे।
लोक निर्माण विभाग में निर्माण कार्यों के डिजिटल प्रबंधन के लिए WAMIS प्रणाली लागू करने को मंजूरी दी गई। इससे कार्यों की निगरानी, भुगतान और गुणवत्ता नियंत्रण में पारदर्शिता बढ़ेगी। मुख्यमंत्री ग्राम सड़क एवं विकास योजना में संशोधन कर ग्रामीण गलियों में सीसी सड़क और नाली निर्माण को भी शामिल किया गया। एडीबी से 15 करोड़ रुपये की अनुदान आधारित तकनीकी सहायता परियोजना को मंजूरी मिली।
राज्य योजनाओं के लिए S-SNA मॉडल लागू करने का निर्णय लिया गया। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर जनरेशन कंपनी लिमिटेड (CSPGCL) को 200 करोड़ रुपये तक के बॉन्ड/NCD जारी कर सूचीबद्ध होने की अनुमति दी गई। ये फैसले राज्य में तकनीकी विकास, औद्योगिक निवेश और ग्रामीण बुनियादी ढांचे को मजबूत करने की दिशा में महत्वपूर्ण माने जा रहे हैं।











