रायपुर। छत्तीसगढ़ में भाजपा ने आगामी नगरीय निकाय चुनाव को लेकर सियासी मोर्चाबंदी तेज कर दी है। पार्टी की नजर सिर्फ नगर निगमों, नगर पालिकाओं और नगर पंचायतों पर नहीं, बल्कि आगामी विधानसभा चुनाव पर भी है। शनिवार को प्रदेश भाजपा कार्यालय कुशाभाऊ ठाकरे परिसर में हुई बैठक में संगठन ने चुनावी रणनीति का खाका खींचा। बूथों की मजबूती, वार्ड स्तर पर जनसंपर्क और सरकारी योजनाओं के प्रचार को चुनावी अभियान का प्रमुख आधार बनाने पर जोर दिया गया।
बैठक में प्रदेश संगठन महामंत्री कर्मवीर सिंह ने साफ किया कि भाजपा का लक्ष्य प्रदेश के सभी नगरीय निकायों में जीत दर्ज करना है। उन्होंने कार्यकर्ताओं को बूथ स्तर तक सक्रिय रहने और केंद्र व राज्य सरकार की योजनाओं को घर-घर पहुंचाने का निर्देश दिया। सिंह ने नगरीय निकाय चुनाव को आगामी विधानसभा चुनाव की तैयारी बताते हुए दोनों चुनावों में बड़ी जीत का लक्ष्य रखा।
प्रदेश महामंत्री अखिलेश सोनी ने दावा किया कि भाजपा सरकार ने पिछले एक वर्ष में शहरी विकास के क्षेत्र में अभूतपूर्व काम किए हैं। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय के नेतृत्व में हुए विकास कार्यों को जनता के बीच ले जाने की बात कही। सोनी ने सभी नगरीय निकायों में ऐतिहासिक जीत दर्ज करने का दावा भी किया।
क्रेडा अध्यक्ष एवं वरिष्ठ भाजपा नेता भूपेंद्र सवन्नी ने कहा कि कार्यकर्ता वार्ड-वार्ड जाकर सरकार की उपलब्धियां गिनाएंगे। उन्होंने नगरीय निकायों में जीत के जरिए ‘ट्रिपल इंजन सरकार’ को मजबूत करने की बात कही।
बैठक से साफ संकेत मिला कि भाजपा नगरीय निकाय चुनाव को स्थानीय सत्ता तक सीमित रखने के बजाय विधानसभा चुनाव की राजनीतिक जमीन तैयार करने के अवसर के रूप में देख रही है। पार्टी की रणनीति में बूथ प्रबंधन और सरकारी योजनाओं के प्रचार को खास अहमियत दी गई है।
बैठक का संचालन प्रदेश महामंत्री डॉ. नवीन मार्कण्डेय ने किया। इस दौरान यशवंत जैन, जगन्नाथ पाणिग्रही, संभाग प्रभारी, चुनाव प्रभारी, सह प्रभारी सहित अन्य पदाधिकारी मौजूद रहे।







