पटना। बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के सम्मान में पटना में मंदिर बनाने के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। यह निर्णय बोर्ड की पहली बैठक में सर्वसम्मति से लिया गया। प्रस्ताव बोर्ड के सदस्य राजन सिंह ने रखा, जिसे सभी सदस्यों ने समर्थन दिया। बैठक का आयोजन पुराने सचिवालय स्थित समाज कल्याण विभाग में किया गया। यह बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड की पहली आधिकारिक बैठक थी, जो ट्रांसजेंडर पर्सन्स (प्रोटेक्शन ऑफ राइट्स) एक्ट, 2019 के लागू होने के बाद आयोजित हुई।
पटना में प्रस्तावित है मंदिर
बोर्ड के अनुसार, प्रस्तावित मंदिर पटना में बनाया जाएगा। प्रस्ताव में कहा गया कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने ट्रांसजेंडर समुदाय के अधिकारों, सम्मान और सामाजिक सशक्तिकरण के लिए कई कदम उठाए हैं। इन्हीं प्रयासों के प्रति सम्मान व्यक्त करने के उद्देश्य से मंदिर निर्माण का प्रस्ताव रखा गया। हालांकि, मंदिर के निर्माण की समय-सीमा, स्थान और वित्तीय व्यवस्था को लेकर अभी विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की गई है।
28 सदस्यीय है बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड
बिहार राज्य किन्नर कल्याण बोर्ड का गठन अगस्त 2025 में समाज कल्याण विभाग के तहत किया गया था। यह 28 सदस्यीय बोर्ड ट्रांसजेंडर समुदाय के अधिकारों की रक्षा, उनके सामाजिक और आर्थिक सशक्तिकरण तथा सरकारी योजनाओं में उनकी भागीदारी सुनिश्चित करने के उद्देश्य से कार्य करता है।
बोर्ड का उद्देश्य
बोर्ड का मुख्य उद्देश्य ट्रांसजेंडर समुदाय के अधिकारों की रक्षा करना, उनके कल्याण से जुड़ी योजनाओं को प्रभावी ढंग से लागू करना और उन्हें सामाजिक व प्रशासनिक प्रक्रियाओं में बेहतर प्रतिनिधित्व दिलाना है। मंदिर निर्माण के प्रस्ताव को मंजूरी मिलने के बाद यह मामला राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर चर्चा का विषय बन सकता है। फिलहाल यह प्रस्ताव बोर्ड द्वारा स्वीकृत किया गया है और आगे की प्रशासनिक प्रक्रिया पूरी होने के बाद ही निर्माण संबंधी निर्णय लिए जाएंगे।








