Middle East crisis : मध्य पूर्व में संघर्ष जारी है। इराक की राजधानी बगदाद में अमेरिकी दूतावास पर ड्रोन और रॉकेट से हमला किया गया। हमले से ठीक छह घंटे पहले ही दूतावास ने इराक में रहने वाले अमेरिकी नागरिकों को सुरक्षा चेतावनी जारी की थी। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, हमले में दूतावास परिसर को नुकसान पहुंचा है। धुआं उठता दिखा, लेकिन अभी तक किसी बड़े हताहत की खबर नहीं है। यह हमला ईरान समर्थित मिलिशिया द्वारा अमेरिका-इजराइल के हमलों के जवाब में माना जा रहा है।
इसी बीच इजराइल ने ईरान की राजधानी तेहरान पर बड़े पैमाने पर एयरस्ट्राइक का दावा किया है। स्थानीय लोगों ने उत्तरी इलाकों में कई जोरदार धमाकों की आवाज सुनी। अमेरिका और इजराइल के संयुक्त हमलों से तेहरान में ईंधन भंडार, सैन्य ठिकाने और अन्य जगहों को निशाना बनाया जा रहा है। मानवाधिकार संगठन HRANA की रिपोर्ट के मुताबिक, जंग के पहले दो हफ्तों में ईरान में करीब 4,765 लोग मारे गए या घायल हुए हैं। इनमें 205 बच्चे भी शामिल हैं। 20 अस्पताल, 36 स्कूल और 98 आवासीय इलाकों को नुकसान पहुंचा है। लगभग 32 लाख लोग अपने घर छोड़कर भागने को मजबूर हुए हैं।
पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने कहा कि ईरानी सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह खामेनेई जिंदा हैं या नहीं, इसकी पक्की जानकारी नहीं है। कुछ रिपोर्ट्स में दावा किया गया कि वे गंभीर रूप से घायल हैं या उनकी मौत हो चुकी है, लेकिन कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई।
भारत के लिए राहत, तेल-एलपीजी जहाज सुरक्षित पहुंचे
तनाव के बीच भारत को बड़ी राहत मिली है। होर्मुज स्ट्रेट से गुजरकर दो जहाज आज गुजरात पहुंच रहे हैं। ‘नंदा देवी’ जहाज 46 हजार मीट्रिक टन एलपीजी लेकर कांडला पोर्ट पहुंचेगा। वहीं ‘जग लाडकी’ जहाज 81 हजार टन कच्चा तेल लेकर मुंद्रा पोर्ट पर होगा।इससे पहले ‘शिवालिक’ जहाज सोमवार को मुंद्रा पहुंच चुका है, जिसमें 46 हजार टन एलपीजी थी। यह मात्रा करीब 32.4 लाख घरेलू गैस सिलेंडरों के बराबर है। भारतीय नौसेना ने होर्मुज स्ट्रेट के पास दो युद्धपोत तैनात किए हैं। ये जहाज भारत आने वाले तेल-गैस टैंकरों की सुरक्षा करेंगे और जरूरत पड़ने पर मदद देंगे।
यूएई के फुजैराह पोर्ट के पास एक ऑयल टैंकर पर हमला हुआ। यूके मैरिटाइम ट्रेड ऑपरेशंस (UKMTO) के अनुसार, जहाज पर अज्ञात चीज से हमला किया गया। जहाज को मामूली नुकसान हुआ, लेकिन कोई व्यक्ति घायल नहीं हुआ और समुद्र में कोई तेल रिसाव नहीं हुआ। जांच जारी है।
फुजैराह के ऑयल इंडस्ट्री एरिया में ड्रोन हमले के बाद आग लग गई। यह इलाका दुबई से करीब 150 किमी दूर है। हमले के बाद कुछ समय के लिए ऑयल लोडिंग रोकी गई, लेकिन अब काम शुरू हो गया है।श्रीलंका में ईंधन बचत के लिए बड़ा फैसलाश्रीलंका सरकार ने ईंधन बचाने के लिए सरकारी दफ्तर, स्कूल और कॉलेज हफ्ते में सिर्फ 4 दिन खोलने का फैसला किया है। लोगों से अपील की गई है कि कम बाहर निकलें।
निजी कंपनियों से भी ऐसा करने की मांग की गई है। अस्पताल, बंदरगाह और इमरजेंसी सेवाएं पहले की तरह चलती रहेंगी। ईरान ने 28 फरवरी को स्कूल पर हुए हमले के लिए अमेरिका और इजराइल से मुआवजा मांगने की बात कही है। इस हमले में 160 से ज्यादा लोग मारे गए थे, जिनमें कई बच्चे थे।









