Iran-US War: अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान पर लगातार 13 दिनों तक चले सैन्य हमलों को अचानक रोकने का फैसला कर लिया है। मीडिया रिपोर्ट्स के अनुसार, ट्रंप प्रशासन ने नए हमलों की योजना बनने के बावजूद फिलहाल उन्हें स्थगित कर दिया है। इस फैसले के पीछे मुख्य वजह कूटनीतिक प्रयासों को मौका देना, मिसाइल डिफेंस स्टॉक में तेजी से हो रही कमी और बड़े युद्ध की आशंका बताई जा रही है। व्हाइट हाउस के अनुसार, राष्ट्रपति ट्रंप हमेशा से बातचीत के रास्ते को प्राथमिकता देते रहे हैं।
हालांकि, अमेरिका ने साफ कर दिया है कि यदि ईरान होर्मुज जलडमरूमध्य में तनाव बढ़ाता है या अमेरिकी हितों पर हमला करता है तो सैन्य कार्रवाई फिर से शुरू की जा सकती है। ट्रंप का मानना है कि मौजूदा सैन्य अभियान अपनी सीमा तक पहुंच चुका है और आगे बढ़ने पर पूर्ण पैमाने का युद्ध छिड़ सकता है। अमेरिकी सैन्य अधिकारियों ने चेतावनी दी थी कि पैट्रियट मिसाइलों समेत डिफेंस सिस्टम पर भारी दबाव पड़ रहा है।
हाल के महीनों में 1,200 से ज्यादा पैट्रियट इंटरसेप्टर मिसाइलों का इस्तेमाल हो चुका है, जिससे रक्षा भंडार प्रभावित हो रहा है। ट्रंप ने कहा कि अमेरिका और ईरान के बीच बातचीत जारी है और वे समझौते के रास्ते पर चलना अधिक उचित मानते हैं। हालांकि उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि अगर ईरान बातचीत में गंभीर नहीं हुआ तो सैन्य विकल्प पूरी तरह खुले रहेंगे।











