द लेंस डेस्क। मई में ऑपरेशन सिंदूर के दौरान भारत-पाकिस्तान संघर्ष में पांच लड़ाकू विमान नष्ट हुए थे। यह दावा अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शुक्रवार को किया। जिसके बाद से कांग्रेस लगातार केंद्र सरकार पर हमलावर है। हालांकि ट्रंप के बयान में यह साफ नहीं है कि जिन विमानों के गिरने की वो बात कर रहे हैं, वो भारत के थे या पाकिस्तान के। पाकिस्तान ने भी पहले भारत के ‘पांच लड़ाकू विमान मार गिराने’ का दावा किया था, जिसे भारत ने लगातार खारिज किया है।
कांग्रेस ने ट्रंप के भारत-पाकिस्तान संघर्षविराम को अपनी उपलब्धि बताने पर केंद्र सरकार की आलोचना की। पार्टी ने आरोप लगाया कि पीएम मोदी ने व्यापारिक हितों के लिए देश के सम्मान को दांव पर लगा दिया। कांग्रेस ने सवाल उठाया कि आखिर क्यों मोदी ने ट्रंप के दावों का जवाब नहीं दिया। कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने कहा कि संसद के मानसून सत्र से ठीक पहले ट्रंप ने फिर से दोहराया कि अमेरिका ने भारत-पाकिस्तान के बीच युद्ध रोका और यदि दोनों देश युद्ध बंद नहीं करते, तो अमेरिका उनके साथ कोई व्यापारिक समझौता नहीं करेगा।
रमेश ने कहा कि ट्रंप ने इस बार सनसनीखेज दावा किया कि शायद पांच जेट विमान नष्ट हुए। उन्होंने मांग की कि पीएम मोदी, जिनकी ट्रंप के साथ 2019 के ‘हाउडी मोदी’ और 2020 के ‘नमस्ते ट्रंप’ आयोजनों से दोस्ती रही है, अब संसद में स्पष्ट करें कि ट्रंप पिछले 70 दिनों से क्या दावा कर रहे हैं।
ट्रंप ने क्या कहा
यह बयान ट्रंप ने व्हाइट हाउस में रिपब्लिकन सांसदों के साथ रात्रिभोज के दौरान दिया। ट्रंप ने व्हाइट हाउस में रिपब्लिकन सांसदों के सामने कहा कि अमेरिका ने कई बड़े युद्ध रोके हैं। उन्होंने दावा किया, “भारत और पाकिस्तान के बीच भी ऐसा ही हुआ। वहां विमान नष्ट हो रहे थे, शायद पांच जेट गिराए गए। दोनों देश परमाणु हथियारों से लैस हैं और एक-दूसरे पर हमला कर रहे थे।”
ट्रंप ने व्यापार का जिक्र करते हुए कहा कि उन्होंने भारत-पाक तनाव को व्यापारिक समझौतों के जरिए सुलझाया। उन्होंने कहा, “हमने कहा कि अगर आप लोग एक-दूसरे पर हमले और परमाणु हथियारों का इस्तेमाल करेंगे, तो हम कोई व्यापार समझौता नहीं करेंगे।” ट्रंप ने ब्रिक्स देशों से आयात पर 10% शुल्क लगाने की अपनी बात दोहराई। उन्होंने यह भी दावा किया कि अगर यह समूह कभी सही दिशा में आगे बढ़ा भी, तो यह ज्यादा समय तक टिक नहीं पाएगा।