कोलकाता। पश्चिम बंगाल की राजधानी कोलकाता में कांग्रेस नेता अतानु दास को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। दास ने बागेश्वर धाम के धीरेंद्र शास्त्री के उस बयान का विरोध किया था, जिसमें उन्होंने दुर्गा पूजा के दौरान बंगाल के लोगों से मछली और मांस न पकाने और न खाने की अपील की थी। कांग्रेस नेता ने इस मामले में पुलिस में शिकायत भी दर्ज कराई थी।
कोलकाता कांग्रेस के महासचिव अतानु दास को गुरुवार आधी रात के आसपास दक्षिण कोलकाता स्थित उनके घर से गिरफ्तार किया गया। पुलिस ने उनके खिलाफ अलग-अलग धार्मिक समूहों के बीच नफरत फैलाने और धार्मिक भावनाओं को ठेस पहुंचाने के आरोप में मामला दर्ज किया है। पुलिस के अनुसार, उन्हें शुक्रवार को अदालत में पेश किया जाएगा। इससे पहले 8 सितंबर को अतानु दास और अन्य कांग्रेस नेताओं ने धीरेंद्र शास्त्री के बयान के खिलाफ विरोध प्रदर्शन किया था।
तस्वीर जलाने वालों पर कार्रवाई की बात
यह कार्रवाई ऐसे समय हुई है, जब भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी ने विरोध प्रदर्शन के दौरान धीरेंद्र शास्त्री की तस्वीरें जलाने वालों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की बात कही थी। उन्होंने कोलकाता पुलिस कमिश्नर को ऐसे लोगों को गिरफ्तार करने का निर्देश देने की बात कही।
कांग्रेस ने सरकार पर लगाया मनमानी का आरोप
बंगाल कांग्रेस अध्यक्ष शुभंकर सरकार ने गिरफ्तारी पर सरकार की आलोचना की है। उन्होंने कहा कि धीरेंद्र शास्त्री के बयान से बंगाल के लोगों की धार्मिक भावनाएं आहत हुईं और कांग्रेस ने इसका विरोध किया। उनका आरोप है कि विरोध करने वाले कांग्रेस नेताओं को ही गिरफ्तार किया जा रहा है, जबकि पुलिस को धीरेंद्र शास्त्री के खिलाफ कार्रवाई करनी चाहिए थी।
शुभंकर सरकार ने कहा कि कांग्रेस इस मामले को लेकर पूरे राज्य में आंदोलन करेगी और धीरेंद्र शास्त्री का पुतला भी जलाएगी। उन्होंने यह भी सवाल उठाया कि विधानसभा में गिरफ्तारी की बात कहे जाने के कुछ ही घंटों बाद कांग्रेस नेता को उनके घर से गिरफ्तार कर लिया गया।
भाजपा के नेताओं के बयानों का भी दिया हवाला
कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष ने भाजपा पर दोहरे रवैये का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि भाजपा के कुछ नेताओं और मंत्रियों ने भी धीरेंद्र शास्त्री के बयान की आलोचना की थी। भाजपा प्रदेश अध्यक्ष समिक भट्टाचार्य ने कहा था कि बंगाली लोग दुर्गा पूजा में जिस तरह का खाना खाते आए हैं, आगे भी वही खाएंगे।
बयान के बाद शुरू हुआ विवाद
धीरेंद्र शास्त्री की दुर्गा पूजा के दौरान मछली और मांस न खाने की अपील के बाद पश्चिम बंगाल में विवाद शुरू हो गया था। कई लोगों ने उनके बयान पर नाराजगी जताई और इसे बंगाली खान-पान और संस्कृति में दखल बताया। इस मुद्दे को लेकर विरोध प्रदर्शन भी हुए। अब कांग्रेस नेता अतानु दास की गिरफ्तारी के बाद राजनीतिक विवाद और बढ़ गया है।










