रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के संजय नगर इलाके में एक ही परिवार के पांच लोगों की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत से इलाके में सनसनी फैल गई। बैटरी कारोबारी ने पहले अपनी पत्नी और तीन बच्चों को खाने में जहर दिया, जिसके बाद खुद फांसी लगाकर आत्महत्या (Suicide) कर ली।
पुलिस का कहना है कि मौत का वास्तविक कारण पोस्टमार्टम और फॉरेंसिक जांच रिपोर्ट आने के बाद ही स्पष्ट होगा। टिकरापारा थाने में मार्ग कायम कर जांच की जा रही है।

पुलिस के अनुसार, संजय नगर निवासी सैय्यद उमर अली के मकान में किराए से रहने वाले सैय्यद शाहिद उर्फ सज्जू (45) पिछले करीब आठ महीने से परिवार के साथ यहां रह रहे थे।
परिवार में उनकी पत्नी राबिया, बेटा इरशाद अली (19), बेटी शाहिदा (17) और इरशाबा बेगम (16) शामिल थे। शाहिद पुरानी बैटरियों की खरीद-बिक्री का कारोबार करता था, जबकि उसका बेटा एक निजी कंपनी में नौकरी करता था।
बताया जा रहा है कि गुरुवार शाम के बाद से परिवार का कोई सदस्य बाहर दिखाई नहीं दिया। शुक्रवार को पूरे दिन घर का दरवाजा बंद रहा। रात के समय घर से तेज दुर्गंध आने पर पड़ोसियों को अनहोनी की आशंका हुई। उन्होंने रात करीब 10 बजे टिकरापारा पुलिस को सूचना दी।
सूचना मिलते ही पुलिस, फॉरेंसिक टीम और वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे। दरवाजा तोड़कर जब पुलिस अंदर पहुंची तो घर का दृश्य देखकर सभी स्तब्ध रह गए।
फंदे पर लटका मिला कारोबारी, जमीन पर पड़े थे पत्नी और बच्चों के शव
जांच के दौरान शाहिद का शव कमरे में फंदे से लटका मिला, जबकि उसकी पत्नी, बेटे और दोनों बेटियों के शव जमीन पर पड़े थे। प्रारंभिक जांच में सभी मृतकों के मुंह से झाग निकलता हुआ मिला। कमरे से खाने-पीने का सामान और एक कीटनाशक का डिब्बा भी बरामद हुआ है।
इन्हीं तथ्यों के आधार पर पुलिस यह आशंका जता रही है कि पहले परिवार को जहरीला पदार्थ खिलाया गया और बाद में शाहिद ने फांसी लगाकर जान दे दी।
फॉरेंसिक जांच के बाद होगा खुलासा
पुलिस ने घटनास्थल से साक्ष्य जुटाकर मकान को सील कर दिया है। पांचों शवों को पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। फॉरेंसिक विशेषज्ञ भी मामले की जांच में जुटे हैं।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि फिलहाल सभी पहलुओं से जांच की जा रही है। पोस्टमार्टम रिपोर्ट, विसरा जांच और फॉरेंसिक रिपोर्ट मिलने के बाद ही मौत की वजह और घटनाक्रम की वास्तविक तस्वीर सामने आएगी। किसी भी निष्कर्ष पर पहुंचने से पहले सभी वैज्ञानिक साक्ष्यों का इंतजार किया जा रहा है।









