केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने NEET-UG 2026 पेपर लीक मामले पर पहली बार विस्तार से बात की। उन्होंने बताया कि 3 मई को परीक्षा हुई थी और 7 मई को NTA को गड़बड़ी की आपत्ति मिली। मंत्री ने कहा कि ‘गेस पेपर’ में कुछ सवाल असली पेपर से मैच कर रहे थे। प्रारंभिक जांच के बाद 4 दिन में पुष्टि होते ही छात्रों के हित में परीक्षा रद्द करने का कठोर फैसला लिया गया।
धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि हम नहीं चाहते थे कि कोई माफिया मेहनती छात्रों की सीट छीन ले। उन्होंने छात्रों से अपील की कि वे निर्भीक होकर दोबारा परीक्षा दें। मंत्री ने जोर देकर कहा कि CBI इस मामले की पूरी तह तक जांच करेगी और दोषियों को बख्शा नहीं जाएगा। उन्होंने छात्रों का भरोसा बनाए रखने को सर्वोच्च प्राथमिकता बताया।
परीक्षा में किए गए सुधार
शिक्षा मंत्री ने छात्रों को राहत देते हुए कई अहम घोषणाएं कीं। परीक्षा फीस पूरी तरह वापस की जाएगी और री-एग्जाम में जीरो फीस होगी। छात्रों को अपना पसंदीदा शहर चुनने का एक हफ्ते का विकल्प दिया जाएगा। परीक्षा समय में 15 मिनट की बढ़ोतरी की गई है। एडमिट कार्ड 14 जून तक जारी कर दिए जाएंगे और छात्रों के आवागमन की सुविधा भी सरकार सुनिश्चित करेगी।











